*एस.टी.एफ. ने धरदबोचा फर्जी एडवाईजरी कम्पनी प्रिमियम केपिटल रिसर्च का फरार आरोपी


  
   डॉ. श्री अशोक अवस्थी अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक एस.टी.एफ. मध्यप्रदेश भोपाल द्वारा एस.टी.एफ. के लंबित अपराधांें में फरार आरोपियों की गिरफतारी करने हेतु निर्देशित किया गया था।
    पùविलोचन शुक्ला पुलिस अधीक्षक एस.टी.एफ. इन्दौर द्वारा बताया गया कि एस.टी.एफ. द्वारा मनीष रोहिल्ला निवासी मोहाली के साथ हुई 150000-00 की धोखाधडी के मामले में फर्जी एडवाईजरी कम्पनी प्रिमियम केपिटल रिसर्च के कर्ताधर्ता संजय बजाज उर्फ सचिन चौहान, युवराज उर्फ अंकित पाटीदार, शालिनी मेहरा उर्फ कामिनी सोनी एवं रवि त्रिपाठी उर्फ श्रेय गांधी के विरूद्व अपराध पंजीबद्व किया गया था। इस फर्जी एडवाईजरी कम्पनी के द्वारा सेबी से रजिस्टर्ड एडवाईजरी होने का विश्वास दिलाते हुए तथा 12 प्रतिशत से अधिक मासिक ब्याज देने के नाम पर मात्र 6 महिने की अवधि में देशभर के लोगो के साथ 1 करोड 16 लाख रूपयें से अधिक की धोखाधडी कारित की गई थी। 



  एस.टी.एफ. टीम द्वारा माह अक्टोबर में इसी प्रकरण में दो आरोपियों शालिनी मेहरा उर्फ कामिनी सोनी एवं युवराज उर्फ अंकित पाटीदार को भोपाल की श्रीराम कॉलोनी से गिरफतार किया जाकर मोबाईल फोन्स क्रेडिट कार्ड डेबिट कार्ड राउटर एवं अन्य सामग्री जप्त की गई थी। प्रकरण में रवि त्रिपाठी उर्फ श्रेय गांधी एवं संजय बजाज उर्फ सचिन चौहान फरार थे। 
  श्री शुक्ला ने बताया कि एस.टी.एफ. इकाई के सउनि अमित दीक्षित को सूचना प्राप्त हुई कि प्रकरण का फरार आरोपी श्रेय गांधी अपनी सकूनत से फरार होकर इन्दौर से बाहर फरारी काट रहा था आज अपने नाना डॉ. अरूण पटवा निवासी चन्द्रनगर थाना विजय नगर इन्दौर में आने वाला है। प्राप्त सूचना के आधार पर एसटीएफ टीम के उप निरीक्षक श्यामकिशोर त्रिपाठी प्रधान आरक्षक झनकलाल पटेल एवं आरक्षक विराट के साथ चन्द्रनगर क्षेत्र में घेराबन्दी करने पर आरोपी रवि त्रिपाठी उर्फ श्रेय गांधी अपने नाना के घर की ओर आता दिखा जिसे हिरासत में लिया गया। 
  उल्लेखनीय है कि आरोपी श्रेय गांधी द्वारा प्रिमियम केपिटल रिसर्च द्वारा स्वयं की पहचान बदल कर रवि त्रिपाठी के नाम से लोगो को टेलीकॉलिंग के माध्यम से सेबी से रजिस्टर्ड एडवाईजरी कम्पनी होने का विश्वास दिलाते हुए लोगो के साथ धोखाधडी की जा रही थी।  आरोपी श्रेय गांधी विगत माह अक्टोबर से अपनी सकूनत से फरार होकर नागपुर चन्द्रपुर महाराष्ट्र इत्यादि जगहो पर अपनी फरारी काट रहा था जिसकी तलाश में एसटीएफ द्वारा लगातार दबिश दी जा रही थी। 
  श्री शुक्ला ने बताया कि इस कम्पनी द्वारा मात्र 6 महिनों की अवधि में कई लोगो के साथ धोखाधडी कारित की गई है जिसमें आरोपियों के विरूद्व थाना सीकर सदर जिला सीकर राजस्थान में भी अपराध पंजीबद्व है साथ ही थाना विजय नगर इन्दौर में प्रिमियम रिसर्च फायनेन्सियल सर्विसेस के विरूद्व पंजीबद्व अपराध में भी आरोपियों की संलिप्तता होने की संभावना है। इसके अतिरिक्त नासिक दिल्ली एवं अन्य स्थानों के पीडितों द्वारा भी संबंधित पुलिस थानों में शिकायत कर कार्यवाही कराई जा रही है। 
  आरोपी श्रेय गांधी की गिरफतारी में एस.टी.एफ. टीम के उपनिरीक्षक श्यामकिशोर त्रिपाठी सहायक उप निरीक्षक अमित दीक्षित प्र.आर. झनकलाल पटेल एवं आर. विराट यादव की उल्लेखनीय भूमिका रही है।