हाईकोर्ट के आदेश के बाद भी नहीं हट रहा मझगवा के राजाधिराज मन्दिर का अतिक्रमण

कामगार कांग्रेस ने राजाधिराज मंदिर मझगवा की भूमि से अतिक्रमण हटाए जाने की मांग को लेकर जिला कलेक्टर के नाम सौंपा ज्ञापन  


 



आज अखिल भारतीय आग कामगार कांग्रेस के प्रदेश सचिव आशुतोष द्विवेदी की अगुआई में तहसीलदार मझगवा को जिला कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा जिसमें श्री द्विवेदी ने कहा की मझगवा नगर के प्रतिष्ठित राजाधिराज मन्दिर में पूरी तरह से लोगों ने अतिक्रमण कर लिया है जबकि जिस समय मझगवा के पीतांबर गर्ग ने मध्य प्रदेश हाई कोर्ट में जनहित की याचिका भी लगाई थी जिस पर पुलिस ट्रेनिंग सेंटर की कुछ भूमि तो खाली हो गई लेकिन कुछ अभी भी अधूरी है जबकि राजाधिराज मन्दिर जो की हजारों साल पुराना मन्दिर है जिसमें लोगों ने अतिक्रमण कर लिया है जबकि रकवा न 188,189,190,191,192,193 व 194 है जिनमे तहसीलदार को ही 248 के तहत अतिक्रमण हटाने का अधिकार है लेकिन इसके बावजूद भी आज दिनांक तक कोई कार्यवाही नहीं हुई इतना ही नहीं तत्कालीन जिला कलेक्टर सतना ने हाईकोर्ट के आदेश के बाद 30,10,2015 को तहसीलदार मझगवा को निर्देशित किया कि आप मझगवा के राजाधिराज मन्दिर का अतिक्रमण हटाइए हाई कोर्ट के याचिकाकर्ता पीतांबर गर्ग ने बताया कि मैने कई बार एस डी एम मझगवा को मामले की जानकारी दी पर आज तक उन्होंने कोई कार्यवाही नहीं की श्री गर्ग ने कहा की हाई कोर्ट की फाइल अनुविभागीय अधिकारी मझगवा के पास मौजूद है जिसका प्रकरण क्र.189अ/4/15-16 है जिसमें माननीय उच्च न्यायालय जबलपुर द्वारा जिला कलेक्टर के नाम आदेश अतिक्रमण खाली करवाने का आया था लेकिन पुलिस ट्रेनिंग सेंटर की कुछ मात्र जमीन के आलावा मंदिर परिसर की व शासन की अन्य बेसकीमती जमीनों में कोई कार्यवाही प्रशासन द्वारा नहीं की गई।



मन्दिर की भूमि से अतिक्रमण  नहीं हटा तो मजबूरन करूंगा आत्मदाह- सूर्यभान उर्मलिया  पुजारी राजाधिराज



राजाधिराज मन्दिर के पुजारी श्री ने कहा की मझगवा का राजाधिराज मन्दिर इस नगर की शान है हमने कई बार प्रशासन से लिखित आवेदन किया मगर आज दिनांक तक प्रशासन ने  अतिक्रमण हटाने में कोई रुचि नहीं दिखाई तथा पुजारी ने कहा की पूरा मन्दिर चारो तरफ से घेर लिया गया है न पानी निकलने का रास्ता बचा और न सामने का बाग बगीचा यहां तक की मन्दिर के सामने शौचालय तक बनवा लिया गया है और सरपंच ने मन्दिर का नरदा तक बन्द कर दिया और  यहां के जनप्रतिनिधि वोटों के चक्कर में मंदिर की भूमि से अतिक्रमण नहीं हटवा रहे मौजूदा विधायक से भी कई बार कहा पर कोई सुनवाई नहीं हुई तथा श्री पुजारी ने कहा जब माननीय उच्च न्यायालय ने 2015 में आदेश जारी किया था तो अब तक अतिक्रमण क्यों नहीं हटा अगर अब मन्दिर का अतिक्रमण नहीं हटाया गया और मन्दिर में कोई भी किसी प्रकार की घटना घाटी तो पूरी जवाबदारी अनुविभागीय अधिकारी मझगवा की होगी।



अगर राजाधिराज मन्दिर से अतिक्रमण नहीं हटा तो होगा उग्र आंदोलन - कु.आदित्य प्रताप सिंह जूदेव किला कोठी



किला कोठी के कु.आदित्य प्रताप सिंह जूदेव ने कहा की यह मन्दिर हमारे पूर्वजों की धरोहर है राज शासन जाने के बाद जब मन्दिर पर सरकार का अधिकार हो गया तब से लोगो ने पूरे मन्दिर परिसर पर अतिक्रमण कर लिया हमने कई बार प्रशासन से लिखित आवेदन किया की अतिक्रमण हटवाया जाय लेकिन आज दिनांक तक प्रशासन ने कोई रुचि नहीं ली अगर अब राजाधिराज मन्दिर से अतिक्रमण नहीं हटा तो हम छेत्रीय जन के साथ उग्र आंदोलन करेंगे जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।


राजाधिराज मन्दिर का अतिक्रमण न हटा तो तहसीलदार व एस.डी.एम मझगवा के खिलाफ नामजद दर्ज करवाउंगा सुप्रीकोर्ट में केश - पीतांबर गर्ग



हाई कोर्ट के याचिका कर्ता पीतांबर गर्ग ने कहा की माननीय उच्च न्यायालय जबलपुर द्वारा जिला कलेक्टर को निर्देशित किया गया है की तत्काल अतिक्रमण हटवाया जाय जिस पर तत्कालीन कलेक्टर ने अनुविभागीय अधिकारी राजस्व मझगवा को दो दो बार निर्देशित किया की आप अतिक्रमण हटवाए लेकिन अभी तक मन्दिर परिसर की भूमि से अतिक्रमण नहीं हटा तो अब मै एस.डी.एम मझगवा और तहसीलदार मझगवा के खिलाफ नामजद सुप्रीकोर्ट में केश दर्ज करवाउंगा क्योंकि एक बात समझ से परे है की आखिर क्या वजह है की जब माननीय उच्च न्यायालय के आदेश के बावजूद भी मझगवा के   अनुविभागीय अधिकारी राजस्व और तहसीलदार क्यों नहीं अतिक्रमण हटवाने की कार्यवाही कर रहे य तो अतिक्रमणकारियों से इन्होंने मोटी रकम ले रखी होगी या कोई और वजह हो सकती ज्ञापन सौंपने वालों में प्रमुख रूप से जनपद पंचायत की  उपाध्यक्ष मैना रावत,मंदिर के पुजारी सूर्यभान उर्मलिया,राजकुमार गर्ग,नीलकमल मिश्रा,रवि गर्ग,पवन चौरसिया,अमित गुप्ता,लखन गर्ग,लाला साहू,बालेश्वर पांडेय,संदीप गर्ग बड़गेया जी सहित कई लोग मौजूद रहे।